श्रीनिवास रामानुजन ने 25 वर्ष की छोटी सी उम्र में ही गणित के क्षेत्र में कई महान खोजें की हैं।
Image credit snl.no
रामानुजन ने कोई विशेष अध्ययन नहीं किया। वे अपनी कड़ी मेहनत से ही एक महान गणितज्ञ बने।
Image credit unspplash.com
स्कूल के दिनों में गणित पर बहुत अधिक फोकस करने के कारण फेल होने पर उनकी स्कॉलरशिप रोक दी गई थी।
Image credit unspplash.com
स्कूल में फेल होने के कारण उनकी पढ़ाई छूट गई और उनकी सेहत ने भी उनका साथ नहीं दिया। नौकरी के लिए दर-दर भटकना पड़ता था और वे हमेशा गरीबी से जूझते रहे |
Image credit unspplash.com
खुद पर अटूट विश्वास रखने और गणित में कड़ी मेहनत करने से ही वह एक महान गणितज्ञ बन गए। आगे हम आपको बताएंगे ताकि आप उनकी काबिलियत का अंदाजा लगा सकें।
Image credit unspplash.com
रामानुजन का जन्म 22 दिसंबर 1887 को भारत के तमिलनाडु राज्य के इरोड नामक गांव में हुआ था। पिता का नाम के श्रीनिवास लायंगर और माता का नाम कोमलत अम्मल था।
Image credit unspplash.com
जहां बच्चे डेढ़ साल में बोलना शुरू कर देते हैं, लेकिन बचपन में बौद्धिक विकास देर से होने के कारण 3 साल तक नहीं बोले थे , जिससे माता-पिता चिंतित रहते थे।
Image credit unspplash.com
रामानुजन ने 10 वर्ष की उम्र में प्राथमिक परीक्षा पूरी की थी और सर्वोच्च अंक प्राप्त करने वाले छात्र बने, तब उन्होंने टाउन हायर सेकेंडरी स्कूल में प्रवेश लिया।
Image credit unspplash.com
धरती और आकाश की दूरी, दुनिया का पहला आदमी कौन था जैसे अजीबोगरीब सवाल उनके मन में आते थे और उसके प्यार भरे स्वभाव के कारण लंबे समय तक उनसे कभी कोई नाराज नहीं हुआ
Image credit unspplash.com
हाई स्कूल में सर्वश्रेष्ठ अंक प्राप्त करने के बाद उन्हें सुब्रमण्यम छात्रवृत्ति मिली, लेकिन आगे गणित में अधिक ध्यान देने के कारण वे बाकी विषयों में फेल हो गए।
Image credit unspplash.com
जिम्मेदारी डालने के उद्देश्य से उनकी शादी जानकी नाम की एक लड़की से शादी कर दी गई फिर वो मद्रास आ गए और वहाँ श्री वी रामा स्वामी अय्यर ने उन्हें नौकरी दिलाने में मदद की
Image credit unspplash.com
इसके बाद उन्होंने अपना पूरा जीवन गणित को समर्पित करना शुरू कर दिया १९१८ मैं रामानुजन को FRS ( Fellow of the Royal Society ) की उपाधि दी गयी
Image credit unspplash.com
उनके बनाए सिद्धांतों से गणित के कठिन कॅल्क्युलेशन्स को बहुत आसानी से किया जा सकता है 26 अप्रैल 1920 को महज 33 साल की उम्र में उन्होंने इस दुनिया को अलविदा कह दिया.
Image credit snl.no
रामानुजन एक महान गणितज्ञ थे जिन्होंने पूरी दुनिया में भारत का नाम रोशन किया
Image credit unspplash.com